मुरादाबाद। मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना के तहत मुरादाबाद के मुंडापांडे ब्लॉक स्थित महर्षि दयानंद सरस्वती लॉ कॉलेज में 261 जोड़ों का सामूहिक विवाह संपन्न हुआ।
समाज कल्याण विभाग की ओर से आयोजित इस समारोह में विभिन्न वर्गों के जोड़ों ने पारंपरिक रीति-रिवाजों के साथ विवाह किया।
मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना के तहत प्रत्येक जोड़े के लिए 1 लाख रुपये का बजट निर्धारित है।
इसमें 64 हजार रुपये वधू के बैंक खाते में डीबीटी के माध्यम से भेजे जाते हैं।
वहीं, 21 हजार रुपये का गृहस्थी सामान दिया जाता है।
शेष 15 हजार रुपये समारोह की व्यवस्थाओं पर खर्च किए जाते हैं।
मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना: 261 जोड़ों ने रचाई शादी
समारोह में जनप्रतिनिधियों और जिला प्रशासन के अधिकारियों ने पहुंचकर नवविवाहित जोड़ों को आशीर्वाद दिया।
कार्यक्रम में कुन्दरकी विधायक ठाकुर रामवीर सिंह, मुंडापांडे ब्लॉक प्रमुख डॉ. नवीन यादव, कुंदरकी ब्लॉक प्रमुख हाजी गुलाम जिलानी शामिल हुए।
इसके अलावा मुख्य विकास अधिकारी मृणाली अविनाश जोशी, एडीएम प्रशासन प्रफुल्ल कुमार त्रिपाठी और जिला समाज कल्याण अधिकारी प्रज्ञा वाजपेई भी मौजूद रहीं।
अतिथियों ने नवदंपतियों पर पुष्पवर्षा की। उन्हें सुखद वैवाहिक जीवन की शुभकामनाएं दीं।
मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना में ऐसे मिलता है 1 लाख रुपये का लाभ
योजना के तहत प्रत्येक जोड़े के लिए कुल 1 लाख रुपये की धनराशि का प्रावधान है। इसका वितरण तीन हिस्सों में किया जाता है।
- 64 हजार रुपये: वधू के बैंक खाते में डीबीटी के माध्यम से भेजे जाते हैं।
- 21 हजार रुपये: नवदंपति को गृहस्थी और दैनिक उपयोग का सामान दिया जाता है।
- 15 हजार रुपये: भोजन, टेंट, मंडप और समारोह की अन्य व्यवस्थाओं पर खर्च किए जाते हैं।
इस व्यवस्था का उद्देश्य आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों को विवाह के खर्च में सहायता देना है।
साथ ही बेटियों का विवाह सम्मानजनक तरीके से संपन्न कराना है।
जनप्रतिनिधियों और अधिकारियों ने नवदंपतियों को दिया आशीर्वाद
कार्यक्रम में पहुंचे जनप्रतिनिधियों और अधिकारियों ने विवाह समारोह की व्यवस्थाओं का निरीक्षण किया।
उन्होंने नवविवाहित जोड़ों को उपहार भी भेंट किए।
इस दौरान अतिथियों ने कहा कि मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना से गरीब परिवारों को आर्थिक सहायता मिलती है।
इससे विवाह के लिए कर्ज लेने की जरूरत कम होती है। साथ ही समाज में सामूहिक विवाह को बढ़ावा मिलता है।
नवदंपतियों ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का जताया आभार
सामूहिक विवाह समारोह में विवाह करने वाले जोड़ों के चेहरों पर खुशी दिखाई दी।
लाभार्थियों ने योजना से मिले सहयोग के लिए सरकार का आभार जताया।
मिलक निवासी कुणाल और उनकी पत्नी भूरी ने बताया कि कमजोर आर्थिक स्थिति के कारण उन्हें विवाह की चिंता थी।
लेकिन मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना से उनका विवाह सम्मानजनक माहौल में संपन्न हुआ। उन्हें गृहस्थी का जरूरी सामान भी मिला।
वहीं, ग्राम और पोस्ट सरसखेड़ा निवासी देवेंद्र कुमार और उनकी पत्नी आरती ने कहा कि योजना से उन्हें काफी सहयोग मिला है।
इससे उनका आत्मसम्मान बढ़ा है। मुरादाबाद निवासी नत्थू सिंह ने भी सरकार का धन्यवाद किया।
उन्होंने कहा कि गृहस्थी का सामान और समारोह की अच्छी व्यवस्थाएं मिलने से परिवार को राहत मिली है।
बेटियों के विवाह के लिए सरकार की आर्थिक सहायता
मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना का उद्देश्य आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों की बेटियों के विवाह में सहायता देना है।
इस योजना के माध्यम से अलग-अलग वर्गों के पात्र परिवारों को लाभ दिया जाता है।
इसके तहत विवाह समारोह सामूहिक रूप से आयोजित किए जाते हैं। इससे परिवारों पर होने वाला आर्थिक बोझ कम होता है।
साथ ही विवाह में अनावश्यक खर्च और सामाजिक दबाव को कम करने में मदद मिलती है।
जिला समाज कल्याण अधिकारी ने क्या कहा?
जिला समाज कल्याण अधिकारी प्रज्ञा वाजपेई ने बताया कि शासन की मंशा के अनुरूप महर्षि दयानंद सरस्वती लॉ कॉलेज में सभी वर्गों के 261 जोड़ों का सामूहिक विवाह कराया गया।
उन्होंने कहा कि समारोह को पारदर्शिता और व्यवस्थित तरीके से संपन्न कराया गया।
मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना निर्धन परिवारों की बेटियों को आर्थिक सहयोग देने और उनका भविष्य सुरक्षित बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल है।
