मुरादाबाद। उत्तर प्रदेश माटीकला बोर्ड के स्थापना के नौ वर्ष पूर्ण होने के अवसर पर माटीकला बोर्ड स्थापना पखवाड़ा के तहत मुरादाबाद कलेक्ट्रेट सभागार में जनपद स्तरीय जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया।
माटीकला बोर्ड स्थापना पखवाड़ा का उद्देश्य माटीकला से जुड़े कारीगरों, शिल्पकारों और उद्यमियों को सरकारी योजनाओं की जानकारी देकर स्वरोजगार और आत्मनिर्भरता के लिए प्रेरित करना रहा।
मुख्य अतिथि ने किया कार्यक्रम का शुभारंभ
कार्यक्रम का शुभारंभ मुख्य अतिथि विधान परिषद सदस्य श्री रामगोपाल उर्फ गोपाल अंजान ने फीता काटकर किया।
उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार पारंपरिक माटीकला को नई पहचान दिलाने के लिए लगातार कार्य कर रही है।
आधुनिक तकनीक, प्रशिक्षण और वित्तीय सहायता के माध्यम से कारीगरों को मजबूत बनाया जा रहा है।
उन्होंने सभी पात्र लाभार्थियों से बोर्ड की योजनाओं का अधिक से अधिक लाभ लेने की अपील की।
कारीगरों को योजनाओं की दी गई विस्तृत जानकारी
जिला ग्रामोद्योग अधिकारी ने उत्तर प्रदेश माटीकला बोर्ड की विभिन्न योजनाओं की जानकारी दी।
उन्होंने माटीकला टूल-किट्स वितरण योजना, माटीकला रोजगार योजना, माटीकला शिल्पकारी योजना
तथा कॉमन फैसिलिटी सेंटर (सीएफसी) योजना के उद्देश्य, पात्रता, आवेदन प्रक्रिया और लाभ के बारे में विस्तार से बताया।
उन्होंने कहा कि इन योजनाओं से कारीगरों को आधुनिक उपकरण, प्रशिक्षण, वित्तीय सहयोग और बेहतर विपणन की सुविधा मिल रही है।
200 से अधिक प्रतिभागियों ने की सहभागिता
जागरूकता कार्यक्रम में जनपद के विभिन्न क्षेत्रों से 200 से अधिक प्रतिभागियों ने भाग लिया। प्रतिभागियों ने योजनाओं से जुड़ी जानकारी प्राप्त की और विशेषज्ञों से संवाद कर अपनी जिज्ञासाओं का समाधान किया।
माटीकला बोर्ड स्थापना पखवाड़ा के माध्यम से अधिक से अधिक कारीगरों तक सरकारी योजनाओं की जानकारी पहुंचाने पर जोर दिया गया।
कई अधिकारी और विशिष्ट अतिथि रहे मौजूद
कार्यक्रम में विशिष्ट अतिथि के रूप में श्री ओमप्रकाश गोला प्रजापति (निवर्तमान अध्यक्ष, उत्तर प्रदेश माटीकला बोर्ड) उपस्थित रहे।
इसके अलावा अपर जिलाधिकारी (प्रशासन), अपर जिलाधिकारी (नगर), अपर जिलाधिकारी (वित्त एवं राजस्व),
भारतीय स्टेट बैंक के क्षेत्रीय प्रबंधक, उत्तर प्रदेश ग्रामीण बैंक के डीसी, श्री रविन्द्र जैन,
फाइन आर्ट विशेषज्ञ सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी एवं गणमान्य नागरिक मौजूद रहे।
