मुरादाबाद। आगामी विधानसभा सामान्य निर्वाचन-2027 की तैयारियों के तहत जनपद में ईवीएम-वीवीपैट एफएलसी 17 सितंबर 2026 से शुरू होगी। जिलाधिकारी/जिला निर्वाचन अधिकारी डॉ. राजेन्द्र पैंसिया ने एफएलसी की तैयारियों का जायजा लिया। उन्होंने अधिकारियों को पूरी प्रक्रिया निर्धारित प्रोटोकॉल के अनुसार कराने के निर्देश दिए।
जिलाधिकारी ने ईवीएम-वीवीपैट वेयरहाउस का किया निरीक्षण
जिलाधिकारी डॉ. राजेन्द्र पैंसिया और अपर जिलाधिकारी प्रशासन/उप जिला निर्वाचन अधिकारी श्रीमती संगीता गौतम ने ईवीएम एवं वीवीपैट वेयरहाउस का स्थलीय निरीक्षण किया।
वेयरहाउस जिला निर्वाचन कार्यालय परिसर में कांठ रोड स्थित नवीन तहसील भवन के पास हिमगिरी रोड पर स्थापित है।
निरीक्षण के दौरान ईवीएम-वीवीपैट एफएलसी की तैयारियों को देखा गया।
सुरक्षा और वेबकास्टिंग व्यवस्था का लिया जायजा
जिलाधिकारी ने भारत निर्वाचन आयोग के निर्धारित मानकों के अनुसार व्यवस्थाओं की जांच की।
उन्होंने सुरक्षा व्यवस्था और पर्याप्त प्रकाश व्यवस्था का जायजा लिया। इसके अलावा वेबकास्टिंग की व्यवस्था भी देखी।
आवश्यक रजिस्टर और अन्य संसाधनों की उपलब्धता की भी जानकारी ली गई।
जिलाधिकारी ने अधिकारियों को ईवीएम-वीवीपैट एफएलसी की प्रक्रिया पारदर्शी तरीके से कराने के निर्देश दिए।
3,972 कंट्रोल यूनिट और 3,972 बैलेट यूनिट की होगी जांच
जनपद में उपलब्ध ईवीएम और वीवीपैट की प्रथम स्तरीय जांच की जाएगी।
इसमें 3,972 कंट्रोल यूनिट, 3,972 बैलेट यूनिट और 3,972 वीवीपैट शामिल हैं।
एफएलसी के दौरान ईवीएम और वीवीपैट की कार्यशीलता और तकनीकी स्थिति की जांच की जाएगी।
बीएचईएल के तकनीकी इंजीनियर करेंगे जांच
ईवीएम-वीवीपैट एफएलसी की प्रक्रिया बीएचईएल, बेंगलुरु के तकनीकी इंजीनियरों द्वारा की जाएगी।
यह पूरी प्रक्रिया जिला निर्वाचन अधिकारी कार्यालय की निगरानी में निर्धारित प्रक्रिया के अनुसार संपन्न होगी।
सुबह 9 से शाम 7 बजे तक चलेगी एफएलसी
एफएलसी प्रक्रिया प्रतिदिन सुबह 9:00 बजे से शाम 7:00 बजे तक चलेगी।
प्रक्रिया में पारदर्शिता और राजनीतिक दलों की सहभागिता सुनिश्चित करने के लिए मान्यता प्राप्त राष्ट्रीय और राज्य स्तर के राजनीतिक दलों के अधिकृत प्रतिनिधियों को भी आमंत्रित किया गया है।
अधिकृत प्रतिनिधि निर्धारित समय पर उपस्थित होकर ईवीएम-वीवीपैट एफएलसी प्रक्रिया का अवलोकन कर सकेंगे।
निर्वाचन आयोग के निर्देशों के अनुसार होगी निगरानी
जिलाधिकारी ने कहा कि एफएलसी की पूरी प्रक्रिया भारत निर्वाचन आयोग के निर्धारित मानकों और प्रोटोकॉल के अनुसार होनी चाहिए।
उन्होंने सभी आवश्यक अभिलेखों और व्यवस्थाओं का उचित संधारण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
एफएलसी प्रक्रिया की निगरानी जिला निर्वाचन अधिकारी कार्यालय, मुख्य निर्वाचन अधिकारी कार्यालय और भारत निर्वाचन आयोग के स्तर से की जाएगी।
