मुरादाबाद/मेरठ। ईरा गार्डन में जर्जर बिजली तार बदलने का रास्ता साफ हो गया है।
पश्चिमांचल विद्युत वितरण निगम लिमिटेड (पीवीवीएनएल) ने क्षेत्र में पुराने तारों के प्रतिस्थापन और विद्युत व्यवस्था को मजबूत करने के प्रस्ताव को बिजनेस प्लान 2026-27 में मंजूरी दे दी है।
इससे ईरा गार्डन में जर्जर बिजली तार बदलने का रास्ता साफ होने के बाद स्थानीय उपभोक्ताओं को बड़ी राहत मिलने की उम्मीद है।
जनसुनवाई में उठा बिजली तारों का मुद्दा
ऊर्जा भवन स्थित पीवीवीएनएल मुख्यालय में आयोजित जनसुनवाई कार्यक्रम में मेरठ के ईरा गार्डन क्षेत्र के निवासियों ने जर्जर और पुराने बिजली तारों की समस्या उठाई।
उपभोक्ताओं ने बताया कि पुराने तारों के कारण सुरक्षा और बिजली आपूर्ति दोनों प्रभावित हो रही हैं।
इस पर प्रबंध निदेशक रविश गुप्ता (आईएएस) ने उपभोक्ताओं को महत्वपूर्ण जानकारी दी।
बिजनेस प्लान 2026-27 में मिली मंजूरी
प्रबंध निदेशक ने बताया कि ईरा गार्डन में जर्जर बिजली तार बदलने का रास्ता साफ करने के लिए विद्युत सुधार परियोजना को बिजनेस प्लान 2026-27 में स्वीकृति दी जा चुकी है।
उन्होंने कहा कि जल्द ही टेंडर प्रक्रिया शुरू की जाएगी। इसके बाद क्षेत्र में बिजली तार बदलने और विद्युत नेटवर्क को मजबूत करने का कार्य शुरू होगा।
उपभोक्ताओं को मिलेगी सुरक्षित बिजली आपूर्ति
पीवीवीएनएल के अनुसार परियोजना पूरी होने के बाद उपभोक्ताओं को अधिक सुरक्षित और बेहतर बिजली आपूर्ति मिल सकेगी।
साथ ही तकनीकी समस्याओं और फॉल्ट की घटनाओं में भी कमी आने की संभावना है।
अधिकारियों का कहना है कि विद्युत ढांचे को मजबूत बनाना निगम की प्राथमिकता में शामिल है।
21 शिकायतों पर हुई सुनवाई
जनसुनवाई कार्यक्रम में मेरठ, हापुड़, बुलंदशहर, सहारनपुर समेत विभिन्न जिलों से आए उपभोक्ताओं ने अपनी समस्याएं दर्ज कराईं।
बिजली बिल, मीटर, विद्युत लाइन और आपूर्ति से जुड़ी कुल 21 शिकायतों पर सुनवाई हुई।
कई मामलों का मौके पर ही समाधान कर दिया गया।
अधिकारियों को दिए सख्त निर्देश
प्रबंध निदेशक रविश गुप्ता ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि उपभोक्ताओं की शिकायतों का समयबद्ध और गुणवत्तापूर्ण निस्तारण सुनिश्चित किया जाए।
उन्होंने कहा कि निर्बाध बिजली आपूर्ति, विद्युत सुरक्षा और उपभोक्ता संतुष्टि निगम की सर्वोच्च प्राथमिकता है।
शिकायतों के समाधान में लापरवाही किसी भी स्तर पर स्वीकार नहीं की जाएगी।
वरिष्ठ अधिकारी रहे मौजूद
जनसुनवाई कार्यक्रम में निदेशक (कार्मिक एवं प्रशासन) आशु कालिया, निदेशक (वाणिज्य) संजय जैन।
निदेशक (तकनीकी) एन.के. मिश्र, निदेशक (वित्त) स्वतंत्र कुमार तोमर समेत कई वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।
सभी अधिकारियों ने उपभोक्ताओं की समस्याओं के समाधान के लिए आवश्यक कार्रवाई का आश्वासन दिया।
