मुरादाबाद/मेरठ। महामाना मालवीय मिशन मेरठ शाखा के 27 सदस्यीय प्रतिनिधिमंडल ने जम्मू-कश्मीर राजभवन, श्रीनगर में महामहिम उपराज्यपाल से शिष्टाचार भेंट की।
यह सांस्कृतिक भ्रमण 2 मई से 9 मई 2026 तक आयोजित किया गया। मालवीय मिशन मेरठ शाखा के सदस्यों ने श्रीनगर पहुंचकर राजभवन में उपराज्यपाल से मुलाकात की।
मालवीय मिशन मेरठ शाखा की बढ़ी सक्रियता
प्रतिनिधिमंडल का नेतृत्व मेरठ शाखा के अध्यक्ष इंजीनियर मुनीश कुमार ने किया।
उन्होंने बताया कि करीब 10 वर्ष पूर्व महामहिम के कर कमलों द्वारा ही मालवीय मिशन मेरठ शाखा का शुभारंभ किया गया था।
उस समय शाखा में केवल 48 सदस्य थे, जबकि अब यह संख्या बढ़कर लगभग 215 तक पहुंच चुकी है।
उन्होंने कहा कि उपराज्यपाल की प्रेरणा से मालवीय मिशन मेरठ शाखा लगातार सामाजिक, शैक्षिक और स्वास्थ्य संबंधी कार्यों में सक्रिय भूमिका निभा रही है।
साथ ही पंडित मदन मोहन मालवीय जी के विचारों और आदर्शों का व्यापक स्तर पर प्रचार-प्रसार किया जा रहा है।
उपराज्यपाल ने मालवीय जी के सिद्धांतों पर दिया जोर
महामहिम उपराज्यपाल ने अपने संबोधन में कहा कि पंडित मदन मोहन मालवीय जी के विचारों और सिद्धांतों को समाज के बीच पूर्ण समर्पण और आस्था के साथ पहुंचाना जरूरी है।
उन्होंने कहा कि मालवीय मिशन मेरठ शाखा के सदस्य लंबी सांस्कृतिक यात्रा कर श्रीनगर पहुंचे हैं, जो बेहद सराहनीय है।
उपराज्यपाल ने उम्मीद जताई कि मालवीय मिशन मेरठ शाखा भविष्य में भी सामाजिक और सांस्कृतिक गतिविधियों में सक्रिय योगदान देती रहेगी।
सदस्यों के लिए यादगार रही मुलाकात
सांस्कृतिक यात्रा पर गए सभी सदस्यों के लिए यह मुलाकात प्रेरणादायी, ऐतिहासिक और स्मरणीय रही।
कार्यक्रम के अंत में महामहिम उपराज्यपाल ने सभी सदस्यों के साथ चाय पर अनौपचारिक चर्चा की। इसके बाद प्रतिनिधिमंडल ने राजभवन से विदाई ली।
